Kundli.me · पंचांग

17 नवंबर 2026

मंगलवार · दिल्ली

पाँच अंग, शुभ और सावधानी के समय — दिल्ली (भारतीय समय) के अनुसार 👉

पंचांग के पाँच अंग · 1

वार — मंगलवार
तिथि — शुक्ल अष्टमी — 18 नवंबर सुबह 6:05 तक, फिर नवमी
नक्षत्र — धनिष्ठा — 18 नवंबर सुबह 4:34 तक, फिर शतभिषा

सूर्योदय (सुबह 6:45) के समय जो तिथि चल रही हो, वही पूरे दिन की तिथि मानी जाती है।

दिल्ली · 17 नवंबर 2026

पंचांग के पाँच अंग · 2

योग — वृद्धि — सुबह 7:54 तक, फिर ध्रुव
करण — विष्टि (भद्रा) — शाम 5:17 तक, फिर बव

योग सूर्य और चंद्रमा की संयुक्त गति से बनता है, और करण तिथि का आधा भाग होता है।

दिल्ली · 17 नवंबर 2026

शुभ समय · परंपरा के अनुसार

अभिजित मुहूर्त

सुबह 11:45 – दोपहर 12:27

परंपरा में दिन के बीच का यह समय किसी काम की शुरुआत के लिए शुभ माना जाता है।

ध्यान दें: इस दिन इसी समय भद्रा भी है, जिसमें परंपरा शुभ कार्य टालने को कहती है।

दिल्ली · सूर्योदय सुबह 6:45 · सूर्यास्त शाम 5:27

सावधानी के समय · परंपरा के अनुसार

राहु काल — दोपहर 2:46 – शाम 4:07
यमगंड — सुबह 9:26 – 10:46
गुलिक काल — दोपहर 12:06 – 1:26
भद्रा — सूर्योदय (सुबह 6:45) से शाम 5:17 तक

परंपरा में इन समयों में नया या शुभ काम शुरू करने से बचा जाता है; यह नियम शुरुआत पर लागू होता है, रोज़मर्रा के चलते कामों पर नहीं।

दिल्ली के अनुसार

Kundli.me

17 नवंबर का पूरा पंचांग

यही दिन, दिल्ली के लिए — और वहीं अपना शहर चुनकर उसका सूर्योदय, राहु काल और मुहूर्त देखिए।

17 नवंबर का पंचांग

समय दिल्ली (भारतीय समय) के हैं; दूसरे शहरों में कुछ मिनट अलग होंगे। शुभ-अशुभ समय पारंपरिक मान्यताएँ हैं।

और स्टोरी देखिए